
पुलिस प्रशासन की भी बड़ी अनदेखी,मुख्य चौराहों पर नहीं लगाए बैरिकेड्स।
घट्टिया/दिपांशु जैन. तहसील मुख्यालय स्थित पुलिस थाना, जनपद पंचायत और बस स्टैंड घट्टिया के सामने उज्जैन- झालावाड़ राजमार्ग के मुख्य चौराहों पर गतिअवरोधक नहीं बने होने एवं चौराहों पर लगे संकेतक भी बंद होने के साथ- साथ पुलिस प्रशासन द्वारा भी बैरिकेड्स की व्यवस्था नहीं किए जाने के कारण रोजाना राजमार्ग पर एक्सीडेंट की छोटी- बड़ी घटनाएं हो रही है। लेकिन तहसील प्रशासन के जिम्मेदारों का इस और कोई ध्यान नहीं है, शायद जिम्मेदारों को किसी बड़े हादसे और दुर्घटना का इंतजार हो रहा है। घट्टिया के मुख्य चौराहे पर तीन हफ्ते में अब तक पंद्रह हादसे हो चूके है। वहीं शुक्रवार को भी एक बड़ा हादसा होते- होते बच गया। जिसमें एक बुजुर्ग मामूली घायल हुआ है, जिनका जिला चिकित्सालय में उपचार चल रहा है। इधर नजरपुर में भी मुख्य चौराहे के संकेतक बंद होने के कारण हादसे हो रहे है। उज्जैन- झालावाड़ राजमार्ग पर तेजी से चौपहिया वाहनों के दौड़ने के कारण बिछड़ौद, तराना मार्ग से आने- जाने वाले वाहनों और पैदल सड़क पार करने वाले राहगीरों को हादसे का शिकार होना पड़ रहा है। वहीं बसों और ट्रक चालकों के वाहन तेज गती से दौड़ने के कारण बड़े हादसे की आशंका बनी रहती है। लेकिन जवाबदारों का इस और कोई ध्यान नहीं है। ग्रामीण कालूसिंह गरासिया ने बताया की प्रमुख चौराहों पर गतिअवरोधक और बैरिकेड्स नहीं होने के कारण ग्रामीण और राहगीर हादसों का शिकार हो रहे है। प्रशासन की यह सबसे बड़ी लापरवाही है। दुर्घटनाओं को रोकने के लिए उक्त सभी चौराहों पर बैरिकेड्स या गतिअवरोधक बनाना अतिआवश्यक है।