
अलीराजपुर जैन समाज के पर्यूषण पर्व का आज चौथा दिवस बड़ी धूमधाम से मनाया प्रति दिन अनुसार प्रातः प्रतिक्रमण , प्रभात फेरी , मंदिरजी में प्रक्षाल , अंगरचना , पूजा , व्याख्यान आदी धार्मिक अनुष्ठान सम्पन्न हुए
आज विशेष कल्पसूत्र का वाचन प्रारंभ हुआ जिसमें भगवान महावीर के 25 भवों का वर्णन करते हुए व्याख्या की गई।
आज दोपहर मे भगवान महावीर की माता त्रिशला ने प्रभु जन्म से पूर्व 14 स्वप्न देखे थे उन सपनों को प्रतीक स्वरूप झुलाने का उत्सव मनाया गया जिसे बड़े बच्चों ने बड़े उत्साह पूर्वक सभी सपना जी को प्रेम पूर्वक झुलाया।
सायं काल आरती , प्रतिक्रमण, भक्ति की गई।
प्रभुजी के पालने को अपने घर पर पधराने परंपरा अनुसार रात्रि में लाभार्थी दिनेश कुमार संतोषी लाल जैन जी परिवार के यहां ले जाया जाकर जहॉ पालनाज़ी के सामने भक्ति एवं डांडियारास किया गया।
उपरोक्त जानकारी जैन समाज मीडिया प्रभारी निलेश जैन सपन जैन अल्पेश जैन के द्वारा उपलब्ध कराई गई